आधुनिक काल की विशेषताएं

Aadhunik Kaal Ki Visheshtayein

Pradeep Chawla on 20-09-2018


हिंदी साहित्य का आधुनिक काल तत्कालीन राजनैतिक गतिविधियों से प्रभावित हुआ। इसको हिंदी साहित्य का सर्वश्रेष्ठ युग माना जा सकता है, जिसमें पद्य के साथ-साथ गद्य, समालोचना, कहानी, नाटक व पत्रकारिता का भी विकास हुआ।


सं 1800 वि. के उपरांत भारत में अनेक यूरोपीय जातियां व्यापार के लिए आईं। उनके संपर्क से यहां पाश्चात्य सभ्यता का प्रभाव पड़ना प्रारंभ हुआ। विदेशियों ने यहां के देशी राजाओं की पारस्परिक फूट से लाभ उठाकर अपने पैर जमाने में सफलता प्राप्त की। जिसके परिणाम-स्वरूप यहां पर की स्थापना हुई। अंग्रेजों ने यहां अपने शासन कार्य को सुचारु रूप से चलाने एवं अपने धर्म-प्रचार के लिए जन-साधारण की भाषा को अपनाया। इस कार्य के लिए गद्य ही अधिक उपयुक्त होती है। इस कारण आधुनिक युग की मुख्य विशेषता गद्य की प्रधानता रही। इस काल में होने वाले के आविष्कार ने भाषा-विकास में महान योगदान दिया। ने भी के ग्रंथों की रचना राष्ट्रभाषा हिंदी में की और अंग्रेज़ मिशनरियों ने भी अपनी प्रचार पुस्तकें हिंदी गद्य में ही छपवाईं। इस तरह विभिन्न मतों के प्रचार कार्य से भी हिंदी गद्य का समुचित विकास हुआ।


इस काल में राष्ट्रीय भावना का भी विकास हुआ। इसके लिए श्रृंगारी की अपेक्षा खड़ी बोली उपयुक्त समझी गई। समय की प्रगति के साथ गद्य और पद्य दोनों रूपों में खड़ी बोली का पर्याप्त विकास हुआ। तथा बाबू खड़ी बोली के दोनों रूपों को सुधारने में महान प्रयत्न किया। उन्होंने अपनी सर्वतोन्मुखी प्रतिभा द्वारा हिंदी साहित्य की सम्यक संवर्धना की।


इस काल के आरंभ में , , , , आदि ने ब्रजभाषा में काव्य रचना की। इनके उपरांत भारतेंदु जी ने गद्य का समुचित विकास किया और आचार्य ने इसी गद्य को प्रांजल रूप प्रदान किया। इसकी सत्प्रेरणाओं से अन्य लेखकों और कवियों ने भी अनेक भांति की काव्य रचना की। इनमें , , , ला. , , , , , , , , , , आदि का नाम विशेष रूप से उल्लेखनीय है। भारत की स्वतंत्रता प्राप्ति के प्रभाव से हिंदी- में भी स्वच्छंद (अतुकांत) छंदों का प्रचलन हुआ।


इस काल में गद्य-निबंध, नाटक-उपन्यास, कहानी, समालोचना, तुलनात्मक आलोचना, साहित्य आदि सभी रूपों का समुचित विकास हुआ। इस युग के प्रमुख साहित्यकार निम्नलिखित हैं-

अनुक्रम

समालोचक[ ]

जी, , , आचार्य , डाक्टर , , आदि हैं।

== कहानी लेखक[ ]

, , , , , , , , आदि।

उपन्यासकार[ ]

, , , , , , , , आदि।

नाटककार[ ]

, , , , , आदि हैं।

निबंध लेखक[ ]

, , , , , आदि


इस है-



Comments Chanchal Verma on 08-01-2022

आधुनिक काल की विशेषता लिखकर दीजिए पॉइंट में

Sanu on 08-01-2022

Aadhunik kaal ki visestaye

Kashiram on 29-12-2021

Aadhunik kal ki bishestanye

Anjali rathos on 02-12-2021

आधुनिक काल कि काव्यगत विशेषता

Goutam Gathiya on 01-12-2021

Jaishankar Prasad ki Kavya Kala samjhaie

Amar on 30-11-2021

Adhunic kaal ki vesista


राघव on 13-11-2021

आधुनिक काल कि विशैषताए लिखिए

Nikita Chouhan on 30-09-2021

आधुनिक काल की विशेषताएं

Pratima Trivedi on 21-08-2021

Adhunik kaal ki vidastaye

Aadhunik yug ki visasta on 30-07-2021

Aadhunik yug ki visasta

से jha on 27-07-2021

आधुनिक काल की विशेषताएं क्या हैँ?

Jawab on 18-07-2021

Aadhunik Kaal ki visheshta


Mr.jack on 13-06-2021

Aadhunik Kal Ki visestaye Kya h

Manisha chouhan on 12-06-2021

आधुनिक काल की विशेषताएँ क्या है

Adhunik kaal ki Visistaty on 10-06-2021

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Kirish on 24-01-2021

Adunik kaal ki visistatay

Sapna benal on 24-01-2021

Adhunik kaal ki Visistaty

RS on 14-12-2020

Aadhunikkal ki visestae

mohan on 09-09-2020

आधुनिक युग की विशेषताएं लिखिए।



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